
केंद्रीय सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने संसद में दिए एक बयान में कहा कि न्यूज़ ब्रॉडकास्टिंग और डिजिटल स्टैंडर्ड अथॉरिटी(एनबीडीएसए) सरकारी संस्था नहीं है. और न ही यह केबल टीवी नेटवर्क (अधिनियम) नियम 2021 से पंजीकृत है.
सूचना एवं प्रसारण मंत्री अनुराग ठाकुर ने यह जवाब कांग्रेस सासंद एडवोकेट अदूर प्रकाश के सवाल पर दिया. सांसद ने सवाल किया था कि क्या सरकार को जानकारी है कि न्यूज़ ब्रॉडकास्टिंग और डिजिटल स्टैंडर्ड अथॉरिटी ने कुछ चैनलों के खिलाफ कार्रवाई की है. जिसके जवाब में सरकार ने कहा एनबीडीएसए स्व-नियमन संस्था सरकार से पंजीकृत नहीं है.
एक अन्य सवाल के जवाब में अनुराग ठाकुर ने बताया कि 26 अक्टूबर 2021 को केरल के स्थानीय टीवी चैनल रिपोर्टर टीवी पर संसद सदस्य की शिकायत पर कार्यक्रम सहिंता के पालन को लेकर आदेश जारी किया गया था.
इसके साथ ही मंत्रालय ने बताया कि साल 2021 में एक टीवी चैनल की डाउनलिंकिंग अनुमति को रद्द किया गया था.
क्या है एनबीडीएसए?
एनबीडीएसए का पहले नाम एनबीएसए था. यह एनबीए चैनलों का एक स्वतंत्र संस्था है जो इसके सदस्य चैनलों के लिए सेल्फ रेगुलेशन के लिए बनाया गया है. इसके चेयरमैन सुप्रीम कोर्ट के रिटायर जज होते हैं. वर्तमान में इसके एके सीकरी हैं. बता दें कि एनबीएसए सिर्फ एनबीए के सदस्यों के मामलों की सुनवाई करता है.
कई मौके पर एनबीडीएसए, अपने सदस्य चैनलों के खिलाफ आदेश सुना चुका है. हाल ही में संस्था ने जी न्यूज को किसान आंदोलन से जुड़े दो शो और न्यूज नेशन को ‘धर्मातरण जिहाद’ शो के वीडियो को वापस लेने को कहा था.
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